
शिक्षा नगरी कोटा में आयोजित किए जा रहे ग्लोबल राजस्थान एग्रीटेक मीट के दूसरे दिन मुख्यमंत्री वसुंधरा राजे ने किसानों का उत्साह बढ़ाया और कार्यक्रम स्थल पर जाकर प्रदर्शनियों का अवलोकन किया। ग्राम के दूसरे दिन मुख्यमंत्री राजे की उपस्थिति में कृषि से संबधित 21 एमओय़ू किए गए । इन एमओयू में कृषि प्रसंस्करण, कृषि, कृषि विपणन और पशुपालन के क्षेत्र में 955 करोड़ 37 लाख रुपए के प्रस्तावित निवेश के कुल 21 एमओयू साइन किए गए। इन एमओयू से क्षेत्र में रोजगार की बाट जोह रहे 27 हजार से अधिक लोगों को प्रत्यक्ष एवं अप्रत्यक्ष रूप से रोजगार मिलेगा।

हर रोज 15 हजार किसान भाई ले रहे है ग्राम कोटा में हिस्सा
ग्राम कोटा के सीएम लॉंज में आयोजित कार्यक्रम में एमओयू साइन किए गए। कार्यक्रम के दौरान मुख्यमंत्री राजे ने कहा कि आज किसान नई तकनीक से जुड़ने, नवाचारों को अपनाने और आगे बढ़ने के लिए तैयार हैं और इसी का परिणाम है कि ग्राम कोटा में हर रोज करीब 15 हजार से अधिक किसान पूरे उत्साह के साथ शिरकत कर रहे हैं। मुख्यमंत्री ने कहा कि सरकार एवं निवेशकों को साथ मिलकर किसानों की आशाओं एवं आकांक्षाओं को पूरा करते हुए प्रदेश को समृद्ध बनाने की जिम्मेदारी को पूरी करनी है।
निवेश जरूरी, विषम परिस्थितियों में भी संभावनाओं को तलाशना आवश्यक
मुख्यमंत्री राजे ने कहा कि राजस्थान के लिए एक छोटे से छोटा निवेश भी महत्वपूर्ण है। राजे ने कहा कि किसी भी कंपनी या फर्म की निवेश की राशि से अधिक राजस्थान के विकास में सहभागित की भावना को ज्यादा तरजीह मिलती है। उन्होंने कहा कि प्रदेश की विषम भौगोलिक परिस्थितियों के बावजूद निवेशकों ने इनसे तालमेल बिठाते हुए विषमताओं को संभावनाओं में बदलने का संकल्प लिया है। मुख्यमंत्री ने निवेश को धरातल पर लाने के लिए कलक्टरों और अधिकारियों को दिशा-निर्देश दिए।
ग्राम-2016 के 25 एमओयू आये धरातल पर, कार्य जारी
एमओयू हस्ताक्षऱण के बाद सूबे के कृषि मंत्री प्रभुलाल सैनी ने कहा कि मुख्यमंत्री राजे की इच्छा व निर्देशानुसार कृषि क्षेत्र में उत्पादन, उत्पादकता, गुणवत्ता, प्रोसेसिंग एवं वेल्यू एडिशन के लिए काम कर रहे हैं। उन्होंने बताया कि जयपुर में आयोजित ग्राम-2016 में हुए 4400 करोड़ के 38 एमओयू में से 25 धरातल पर आने लगे हैं।
प्रदर्शनी, स्मार्ट फार्म और पशु फार्म का किया अवलोकन
एमओयू साइनिंग के बाद मुख्यमंत्री राजे ने ग्राम कोटा परिसर में प्रदर्शनी में कृषि, पशुपालन, उन्नत कृषि यंत्र, सिंचाई, खाद-बीज, मोतीपालन, पशुपालन, मशरूम की खेती, जैविक खेती, मधुमक्खी पालन, रंगीन मछलियों के एक्वेरियम के बारे में जानकारी ली। मुख्यमंत्री ने पशु फार्म का अवलोकन करते हुए मुर्रा नस्ल के भैंसे युवराज, सुल्तान और लालराम के बारे मे में भी जानकारी ली।

