
पूरे भारत में अपने पारम्परिक और शाही अंदाज़ से मेहमानों की मेहमाननवाज़ी के ठिकाने के तौर पर राजस्थान को जाना जाता है। वैश्विक परिदृश्य में देखें तो अपने आने वाले पर्यटकों की आव-भगत के लिए राजस्थान विश्वविख्यात है। देश के अंदर और बाहर प्रदेश की लगातार बढ़ती ख्यातियों को देखते हुए राजस्थान को पर्यटन के क्षेत्र में राष्ट्रीय स्तर पर अभी हाल ही में एक और अवार्ड मिला है। यह सम्मान देश की राजधानी नई दिल्ली के इंदिरा गांघी अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डा के पास स्थित एरो सिटी में राजस्थान को दिया गया है। यहाँ आयोजित हुए पांचवे इंटरनेशनल टूरिज्म कान्क्लेव एन्ड ट्रेवल अवार्ड समारोह में राजस्थान को बेस्ट फेयर एंड फेस्टिवल श्रेणी के अंतर्गत सम्मानित किया गया है।
प्रदेश पर्यटन स्वागत केंद्र की अतिरिक्त निदेशक ने लिया पुरस्कार:
राजधानी दिल्ली के इंदिरा गांघी अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डा के पास स्थित एरो सिटी में आयोजित हुए इस समारोह में देश के पर्यटन उद्योग व व्यवसाय के प्रसिद्ध लोग और मीडिया व प्रशासनिक जगत की जानी मानी हस्तियां उपस्थित थी। राजस्थान जो जब यह अवार्ड दिया गया तो प्रदेश की ओर से यह पुरस्कार राजस्थान पर्यटन स्वागत केंद्र, नई दिल्ली की अतिरिक्त निदेशक डॉ. गुरजीत कौर ने ग्रहण किया। पूर्व केंद्रीय पर्यटन सचिव विनोद जुत्शी ने इस अवसर पर प्रदेश को पर्यटन में विशेष उपलब्धियों के लिए सम्मानित किया।
पिछले तीन सालों में पर्यटन में मिले हैं अनेकों सम्मान:
राजस्थान सरकार और जनता के साझा प्रयासों से राज्य को पिछले सालों में पर्यटन के क्षेत्र में अनेकों पुरस्कारों से सम्मानित किया गया है। विभिन्न अंतर्राष्ट्रीय ट्रैवल एजेंसी की सर्वे रिपोर्ट्स में राजस्थान को शीर्ष स्थान दिया गया है। प्रदेश के रणथम्भौर स्थित होटल को विश्व का अव्वल दर्ज़े का होटल माना गया है। प्रदेश की राजधानी जयपुर के आमेर महल को भारत में पर्यटन के लिहाज़ से दूसरी सबसे पसंदीदा जगहों में शुमार किया गया है। झीलों की नगरी उदयपुर को दुनिया के टॉप शहरी पर्यटन स्थलों में शामिल किया गया है। दुनियाभर के पर्यटकों के बीच कराए गए विभिन्न सर्वे में राजस्थान ने प्रमुखता से अपनी जगह बनाई है। इन उपलब्धियाँ का मुख्या श्रेय राजस्थान सरकार की बेहतर पर्यटन नीति को जाता है। जिससे आज देश-विदेश में प्रदेश का नाम रोशन हुआ है।

